डीयू के इतिहास में परिसर का ऐसा नजारा पहले कभी नहीं दिखा। सब कुछ आनलाइन है लिहाजा कहीं कोई छात्र सहायता शिविर नहीं लगा है। शायद छात्र संगठनों ने मान लिया है कि हर साल यहां दाखिला लेने के इच्छुक करीब दो लाख से ज्यादा छात्रों में से किसी को इस साल उनकी सहायता की दरकार नहीं है।
from Jansattaराष्ट्रीय – Jansatta https://ift.tt/2IlveBu
via
No comments:
Post a Comment