त्रिकोणीय शृंखला के फाइनल में पदार्पण करने वाली 16 साल की ऋचा घोष को लगातार मौका मिलता है या नहीं, यह देखना होगा। गेंदबाजी में भारतीय टीम स्पिनरों पर ज्यादा निर्भर है। उसके पास तेज गेंदबाजों की कमी है। आम तौर पर अंतिम एकादश में अकेली स्पिनर रहने वाली शिखा पांडे पर शुरुआती सफलता दिलाने की जिम्मेदारी होगी।
from Jansattaराष्ट्रीय – Jansatta https://ift.tt/2PcyPCz
via
No comments:
Post a Comment